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सामूहिक विवाह में 150 जोड़े परिणय सूत्र में बंधे

रीवा। मुख्यमंत्री कन्यादान योजना के तहत शनिवार को स्थानीय गंगोत्री गार्डेन में रीवा जनपद क्षेत्र का सामूहिक विवाह सम्मेलन आयोजित किया गया जिसमें 150 जोड़े 7 फेरे लेकर परिणय सूत्र में बंधे हैं। विवाह को लेकर सुबह से ही विवाह स्थल पर लोगों की भीड़ एकत्रित होने लगी थी। जहां 150 जोड़ों ने अपना पंजीयन कराया वहीं प्रशासन की मौजूदगी में वर, वधू का विवाह कार्यक्रम सम्पन्न कराने के साथ ही उन्हें उपहार भी दिए गए। गाजे-बाजे और जलसा के बीच हुए वैवाहिक कार्यक्रम को लेकर लोगों में उत्साह रहा। प्रदेश सरकार की मंशा है कि गरीब परिवार की कन्याओं का विवाह पूरे धूमधाम के साथ सम्पन्न कराया जाए जिसके तहत प्रशासन ने विवाह मंडप बनाने के साथ ही गायत्री परिवार के पंडितों द्वारा मंत्रोचार करके विवाह की सभी रस्म पूरी करवाई गई।

25 बनाई गई थी वेदी

विवाह मंडप स्थल पर वर-वधू जोड़े की बढ़ती संख्या के हिसाब से 25 बेदी बनाई गई थी। प्रत्येक बेदी में 6 जोड़े एकसाथ बैठकर विवाह की रस्म पूरी किए हैं। मंच से पंडित द्वारा मंत्रोचार एकसाथ लाउड स्पीकर के माध्यम से किया जा रहा था। उनके द्वारा बताए गए निर्देश का जहां वर-वधू पालन कर रहे थे वहीं मंत्रोचार करके विवाह रस्म पूरी कराने के साथ ही उनके वैवाहिक दाम्पत्ति जीवन को सुखद बनाने के लिए शास्त्र के हिसाब से पूरा कार्यक्रम सम्पन्न कराया गया।

20 हजार के दिए गए उपहार

सामूहिक विवाह सम्मेलन में विवाह करके अपने गृहस्थ जीवन की शुरूआत कर रहे वर-वधू को गृहस्थी सवारने के लिए प्रशासन की ओर से 20 हजार रुपए कीमत का उपहार भी दिया गया है। जिसमें से 17 हजार रुपए की गृहस्थी के सामान दिए गए हैं। जबकि 3 हजार रुपए स्मार्ट फोन खरीदने के लिए वर-वधू को चेक प्रदान किया गया है। जिससे वे फोन की खरीदी करके उसका उपयोग कर सके।

धूमधाम से हुआ विवाह

कार्यक्रम स्थल पर प्रशासन द्वारा वर-वधू पक्ष से शामिल हुए लोगों खाने-पीने का इंतजाम भी किया गया था। आईसक्रीम से लेकर अन्य खाने-पीने की व्यवस्था प्रशासन ने इस दौरान की थी। वहीं बैण्डबाजा की भी विवाह कार्यक्रम के दौरान व्यवस्था की गई थी जिससे सामूहिक विवाह कर रहे वर-वधू को वैवाहिक जश्न में किसी भी तरह की कमी महसूस न हो सके। इस दौरान रीवा जनपद के सीईओ प्रदीप दुबे, एसडीएम केपी पाण्डेय सहित अन्य अधिकारी व प्रशासन के लोग मौजूद रहे।

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