-->

Breaking News

गाजा पर इस्राइली जेट के खूनी हमले जारी

गाजा : गाजा पर इस्राइली युद्धक विमानों के हमले जारी हैं जबकि संघर्ष के खात्मे के लिए शांति वार्ता की कोशिश लगभग नाकाम हो गई है।गाजा में संघर्ष विराम कराने के लक्ष्य से काहिरा में वार्ता कराने की ताजा कोशिश खतरे में पड़ गई और इस्राइली तथा फलस्तीनी दोनों पक्षों ने चेतावनियां जारी की हैं। इस बीच, फलस्तीन के विदेश मंत्री रियाद अल-मलिकी ने कहा है कि उनकी सरकार जल्दी इस्राइल के खिलाफ युद्ध अपराध का मामला अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायालय (आईसीजे) में लाने की कोशिश करेगी।

शांति वार्ता के फलस्तीनी वार्ताकारों ने कहा कि अगर इस्राइल बिना किसी पूर्व शर्त के वार्ता में शरीक नहीं होता तो वह वार्ता से हट जाएंगे। फलस्तीनी वार्ताकार दल के सदस्य इज्जत अल रिश्क ने कहा, ‘अगर इस्राइली (संघर्ष विराम वार्ता के लिए) नहीं आए तो हम अपने नेतृत्व से सलाह-मश्विरे के लिए काहिरा छोड़ देंगे।’

रिश्क ने कहा, ‘हमने सात दिन पहले ही अपनी मांग मिस्र के शिष्टमंडल को दे दी थी। हमें अब तक कोई आधिकारिक जवाब नहीं मिला।’ उधर, इस्राइली प्रधानमंत्री बेन्जामिन नेतन्याहू ने कहा कि अगर फलस्तीनियों ने राकेट दागना जारी रखा तो इस्राइल वार्ता की मेज पर नहीं जाएगा। इस्राइली वार्ताकार मिस्र से पहले ही रवाना हो चुके हैं।

इस बीच, गाजा पर इस्राइल के हवाई हमले का सिलसिला जारी रहा। इस्राइली जेट के हमलों में नौ और फलस्तीनी नागरिक मारे गए। फलस्तीनियों ने भी 100 से ज्यादा राकेट इस्राइल में दागे। पश्चिमी किनारे पर तनाव में इजाफा हो रहा है। वहां इस्राइली सैनिकों के साथ प्रदर्शनकारियों की झड़प हुई। उधर, दक्षिण पश्चिम तट में इस्राइली सैनिकों ने एक शरणार्थी शिविर में 11 साल के एक बच्चे को मार डाला।

एक रिपोर्ट के अनुसार बोगोटा में फलस्तीनी विदेश मंत्री रियाद अल-मलिकी ने इस्राइल के खिलाफ युद्ध अपराध का मामला अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायालय (आईसीजे) में लाने की चर्चा करते हुए कहा, ‘हम आईसीजे जाएंगे और अपने हस्ताक्षर करेंगे। बहुत जल्द हम संप्रभु देश हो जाएंगे। यह न्यायालय के लिए जांच शुरू करने को काफी है।’

मलिकी ने बोगोटा में संवाददाताओं से कहा, ‘यहां आने से पहले मैं हेग में था। मैंने यह देखने के लिए आईसीजे से औपचारिक जांच के लिए कहा है इस्राइल ने पिछले 33 दिनों में जो किया है क्या वह युद्ध अपराध के स्तर पर आता है।’

No comments

सोशल मीडिया पर सर्वाधिक लोकप्रियता प्राप्त करते हुए एमपी ऑनलाइन न्यूज़ मप्र का सबसे ज्यादा पढ़ा जाने वाला रीजनल हिन्दी न्यूज पोर्टल बना हुआ है। अपने मजबूत नेटवर्क के अलावा मप्र के कई स्वतंत्र पत्रकार एवं जागरुक नागरिक भी एमपी ऑनलाइन न्यूज़ से सीधे जुड़े हुए हैं। एमपी ऑनलाइन न्यूज़ एक ऐसा न्यूज पोर्टल है जो अपनी ही खबरों का खंडन भी आमंत्रित करता है एवं किसी भी विषय पर सभी पक्षों को सादर आमंत्रित करते हुए प्रमुखता के साथ प्रकाशित करता है। एमपी ऑनलाइन न्यूज़ की अपनी कोई समाचार नीति नहीं है। जो भी मप्र के हित में हो, प्रकाशन हेतु स्वीकार्य है। सूचनाएँ, समाचार, आरोप, प्रत्यारोप, लेख, विचार एवं हमारे संपादक से संपर्क करने के लिए कृपया मेल करें Email- editor@mponlinenews.com/ mponlinenews2013@gmail.com